Breaking News

बदायूँ: नाबालिग से छेड़छाड़ के मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल, न्याय के लिए एसएसपी की चौखट पर पहुँची पीड़िता।

बदायूँ: नाबालिग से छेड़छाड़ के मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल, न्याय के लिए एसएसपी की चौखट पर पहुँची पीड़िता।

बदायूँ। जनपद के थाना बिनावर क्षेत्र में एक 11 वर्षीय नाबालिग बच्ची के साथ छेड़छाड़ के मामले में पुलिस द्वारा ठोस कार्रवाई न किए जाने का गंभीर आरोप लगा है। न्याय न मिलने से आहत पीड़िता की मां ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अंकिता शर्मा से मुलाकात कर शिकायती पत्र सौंपा और आरोपियों की गिरफ्तारी की गुहार लगाई है। पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना के छह दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस सत्ता पक्ष के दबाव में हाथ पर हाथ धरे बैठी है।

घर में घुसकर मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप

मामला बिनावर थाना क्षेत्र के एक गांव का है, जहाँ पीड़िता की मां ने गांव के ही पूर्व प्रधान संजीव गुप्ता और उनके एक साथी पर अपनी नाबालिग बेटी के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया है। शिकायत के अनुसार, जब परिजनों ने इस कृत्य का विरोध किया, तो आरोपियों ने दबंगई दिखाते हुए घर में घुसकर मारपीट की और घरेलू सामान में तोड़फोड़ कर दी। आरोप यह भी है कि जब पीड़ित परिवार शिकायत करने जिला मुख्यालय जा रहा था, तब भी आरोपियों ने उनका पीछा कर उन्हें गिराने और डराने का प्रयास किया। पीड़िता की मां का कहना है कि आरोपी पक्ष उन पर समझौते का दबाव बना रहा है और फैसला न करने पर झूठे मुकदमों में जेल भिजवाने की धमकी दे रहा है।

विधायक का रिश्तेदार होने के कारण कार्रवाई न करने का दावा

मीडिया कर्मियों से बात करते हुए पीड़िता की मां ने स्थानीय पुलिस की भूमिका पर कड़े सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्य आरोपी पूर्व प्रधान है और एक भाजपा विधायक का रिश्तेदार है, जिसके चलते थाना बिनावर पुलिस उसके खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है। पीड़िता की मां ने भावुक होते हुए यहाँ तक कह दिया कि यदि उन्हें इंसाफ नहीं मिला, तो वह आत्मदाह करने को मजबूर होंगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी पुलिस और प्रशासन की होगी।

सीओ सिटी कर रहे हैं मामले की जांच

इस पूरे प्रकरण में थाना बिनावर प्रभारी निरीक्षक अरिहंत कुमार सिद्धार्थ का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में है और इसकी जांच सीओ सिटी बदायूँ के स्तर से की जा रही है। अब देखना यह होगा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के बीच इस पीड़ित परिवार को कब तक न्याय मिल पाता है।

Spread the love

Check Also

कासगंज: सोरों में जुआरियों पर पुलिस का शिकंजा, 1 लाख से अधिक की नकदी और 5 बाइक बरामद।

कासगंज: सोरों में जुआरियों पर पुलिस का शिकंजा, 1 लाख से अधिक की नकदी और …

error: Content is protected !!