Breaking News

भूकंप की स्थिति में बचाव का अभ्यास, कासगंज विकास भवन में एनडीआरएफ ने किया मॉक ड्रिल।

भूकंप की स्थिति में बचाव का अभ्यास, कासगंज विकास भवन में एनडीआरएफ ने किया मॉक ड्रिल।

संवाददाता, जुम्मन कुरैशी 

कासगंज। भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा के दौरान लोगों की जान बचाने और राहत कार्यों को प्रभावी बनाने के उद्देश्य से विकास भवन परिसर में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) ने विशेष मॉक अभ्यास किया। आठवीं वाहिनी एनडीआरएफ, गाजियाबाद की टीम ने इस दौरान भवन में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने और ऊंची इमारतों में बचाव कार्य करने की तकनीकों का प्रदर्शन किया।

वाहिनी कमांडेंट सुदेश कुमार के मार्गदर्शन तथा द्वितीय कमान पवन देव गौर के पर्यवेक्षण में आयोजित इस अभ्यास में इंस्पेक्टर चमन किशोर गुप्ता के नेतृत्व में एनडीआरएफ के 31 जवानों ने भाग लिया। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) आलोक कुमार गुप्ता और जिला आपदा विशेषज्ञ दीपमा वर्मा भी मौजूद रहीं।

मॉक अभ्यास के दौरान भूकंप से क्षतिग्रस्त भवन में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने की प्रक्रिया का प्रदर्शन किया गया। एनडीआरएफ के जवानों ने विशेष बचाव उपकरणों और तकनीकों की मदद से राहत एवं बचाव कार्यों का अभ्यास किया। इस दौरान जिला प्रशासन, जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, पुलिस, होमगार्ड, स्वास्थ्य विभाग, लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग, अग्निशमन विभाग और आपदा मित्रों सहित विभिन्न एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।

अभ्यास का उद्देश्य आपदा के समय विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करना और राहत-बचाव कार्यों की तैयारियों को परखना रहा। इसके माध्यम से यह समझने का प्रयास किया गया कि आपात स्थिति में संबंधित एजेंसियां किस प्रकार अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए प्रभावित लोगों तक शीघ्र सहायता पहुंचा सकती हैं।

द्वितीय कमान पवन देव गौर ने बताया कि नियमित मॉक अभ्यास से आपदा प्रबंधन से जुड़ी एजेंसियों की कार्यक्षमता बढ़ती है और आपसी समन्वय मजबूत होता है। वास्तविक आपदा के दौरान त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने में ऐसे अभ्यास महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि बेहतर तैयारी से जनहानि और संपत्ति के नुकसान को कम करने में मदद मिल सकती है।

 

 

Spread the love

Check Also

उझानी में आशा कार्यकर्ताओं का अनिश्चितकालीन धरना शुरू, मांगें पूरी न होने पर 22 अक्टूबर को लखनऊ कूच की चेतावनी।

उझानी में आशा कार्यकर्ताओं का अनिश्चितकालीन धरना शुरू, मांगें पूरी न होने पर 22 अक्टूबर …